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एफएटीएफ और सदस्यता

वित्तीय कार्य दल (एफएटीएफ) एक अंतर्राज्यीय निकाय है जोकि धन शोधन तथा आतंकवादी वित्तीयन का सामना करने के लिए मानक निर्धारित करते हैं, नीतियों को विकसित करते हैं तथा बढ़ावा देते हैं। एफएटीएफ के चालीस सुझाव तथा नौ विशेष सुझाव, धन शोधन के विरूद्ध कार्रवाई करने के लिए एक पूर्ण समूह प्रदान करते हैं और इसके अंतर्गत आपराधिक न्यायिक व्यवस्था तथा कानून प्रवर्तन, वित्तीय व्यवस्था तथा इसका नियमन तथा अंतरराष्ट्रीय सहयोग सम्मिलित हैं। यह सुझाव धन शोधन से निपटने के लिए कई अंर्राष्ट्रीय निकायों द्वारा अंतरराष्ट्रीय मानकों के रूप में स्वीकृत, समर्थित या स्वीकृत कर लिए गए हैं।

इंडिया भारत, 2010 में एफएटीएफ का सदस्य बन गया।

एग्मोंट समूह सदस्यता

वित्तीय आसूचना एकक - भारत (एफआईयू-भारत) एग्मोंट समूह का एक सदस्य है जो कि एक अंतर्राष्ट्रीय संगठन है और एफआईयू के बीच बेहतर संचार और बातचीत को बढ़ावा देने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के रूप में कार्य करता है। एग्मोंट समूह का लक्ष्य पूरे विश्व में धन शोधन, आतंकवादी वित्तीयन तथा अन्य वित्तीय अपराधों के खिलाफ अपनी संबंधित सरकारों के समर्थन को बढ़ावा देकर, एफआईयू के लिए एक मंच प्रदान करना है।

भारत, मई 2007 में एग्मोंट समूह का सदस्य बन गया है।

अन्य द्विपक्षीय समझौतें

एफआईयू-आईएनडी में 15 देशों नामतः मॉरीशस, फिलीपींस, ब्राजील, मलेशिया, रूस, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, अमेरिका, श्रीलंका, जॉर्जिया, सैन मारोनो, बरमूडा, नाइजीरिया, जापान, इंडोनेशिया, के साथ द्विपक्षीय समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर मई, 2011 में हस्ताक्षर किए हैं। समझौता ज्ञापन संदिग्ध वित्तीय संव्यवहारों के बारे में दो देशों के बीच धन शोधन तथा आतंकवादी वित्तीयन से संबंधित सूचना को एकत्रित, विकसित करने तथा मूल्यांकन करने के उद्देश्य से दोनों देशों के बीच आसूचना के विनिमय को सुगम बनाना है।